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हिन्दी का प्रथम कवि ( First poet of Hindi)


  • हिन्दी का प्रथम कवि - हिंदी के प्रथम कवि को लेकर विद्वानों में मतभेद है
  1. शिव सिंह सेंगर ने अपने ग्रंथ " शिवसिंह सरोज " में हिंदी के प्रथम कवि के रूप में सातवीं शताब्दी के ' पुष्यदन्त ' नामक किसी कवि का उल्लेेेेख किया है ।
  2. राहुल सांकृत्यायन ने सातवीं शताब्दी के ' सरहपाद ' को हिंदी का प्रथम कवि माना है 
  3. डॉ गणपति चंद्र गुप्त ने अपने ग्रंथ " हिंदी साहित्य का वैज्ञानिक इतिहास " में " भरतेश्वर बाहुबली रास " के रचयिता ' शालिभद्र भूरि ' को हिंदी का प्रथम कवि माना है
  4. मिश्र बंधुओं ने अपने ग्रंथ " हिंदी नवरत्न " में ' चंदरबदाई ' को हिंदी का प्रथम कवि माना हैं ।
  5. आचार्य रामचंद्र शुक्ल ने भी ' चंदरबदाई ' को हिंदी का प्रथम कवि माना है एवं इनकी रचना " पृथ्वीराज रासो " को हिंदी का प्रथम महाकाव्यय माना हैं।
  6. डॉ रामकुमार वर्मा ने अपने " हिन्दी साहित्य का आलोचनात्मक इतिहास " में  ' स्वयंभू ' को हिंदी का प्रथम कवि माना है।
  • किंतु अंत में हिंदी साहित्य का प्रथम कवि ' सरहपाद '  को ही माना जाता है ।
  • R.k pidiyar 
     


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